अगस्त 2020-पंचांग और कैलेंडर

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अगस्त 2020-पंचांग और कैलेंडर, भाद्रपद संक्रांति फल, एकादशी व्रत, अमावस्या, पूर्णिमा, प्रदोष व्रत, गणेश चतुर्थी,  लोक भविष्य, राशिफल, रक्षाबंधन, जन्माष्टमी, चन्दन षष्ठी व गौरी तीज व्रत

इस लेख हम अगस्त माह 2020 के बारे में जानेंगे के कब कब है व्रत व् त्यौहार ? अगस्त 2020 में कब आने वाली है पूर्णिमा और अमावस्या ?

एकादशी व्रत अगस्त 2020 

  • 15 अगस्त 2020, शनिवार को अजा एकादशी है।
  • 29 अगस्त 2020, शनिवार को पदमा एकादशी है।

प्रदोष व्रत अगस्त 2020 

  • 1 अगस्त 2020, शनिवार
  •  16 अगस्त 2020, रविवार
  • 30 अगस्त 2020, रविवार

पूर्णिमा अगस्त 2020

  • 3 अगस्त 2020, सोमवार

रक्षाबंधन अगस्त 2020

  • 3 अगस्त 2020, सोमवार
  • रक्षाबंधन प्रातः 9:29 के बाद भद्रा उपरांत ही शुभ होगा।

नंदोत्सव पर्व अगस्त 2020 

  • 13 अगस्त 2020, को गोकलाष्टमी एवं नंदोत्सव ब्रज में रोहिणी नक्षत्र के योग से होगा।

चन्दन षष्ठी व्रत अगस्त 2020

  • 9 अगस्त 2020,रविवार
  • इस व्रत को विधिपूर्वक रखकर सूर्य व चन्द्रमा की पूजा करने से धन, संतति एवं सौभाग्य की वृद्धि होती है।

श्री गणेश चतुर्थी व्रत अगस्त 2020

  • 7 अगस्त 2020, शुक्रवार

श्री कृष्ण जन्माष्टमी अगस्त 2020

  • 11 अगस्त 2020, मंगलवार श्री कृष्ण जन्माष्टमी व्रत (स्मार्त)
  • 12 अगस्त 2020, बुधवार को श्री कृष्ण जन्माष्टमी व्रत (वैष्णव) है।

भाद्रपद संक्रांति अगस्त 2020

  • 16 अगस्त 2020, रविवार, भाद्रपद कृष्ण पक्ष, त्रयोदशी तिथि, पुनवर्सु नक्षत्र रात्रि 7:10 पर कुम्भ लग्न में प्रवेश करेगी।
  • 45 मुहूर्त्ति इस संक्रांति का पुण्यकाल दोपहर 12:46 बाद प्रारम्भ होगा।
  • वारानुसार घोरा तथा नक्षत्रानुसार महोदरी नामक यह संक्रांति कपटी एवं दुष्ट लोगों के लिए लाभप्रद रहेगी।

अमावस्या अगस्त 2020 

  • 18 अगस्त 2020, मंगलवार के दिन कुशग्रहणी अमावस है।
  • 19 अगस्त 2020, बुधवार के दिन भाद्रपद अमावस है।

हरितालिका तृतीया अगस्त 2020 

  • 21 अगस्त 2020, शुक्रवार को हरितालिका तृतीया (गौरी तीज) है।
  • यह व्रत अखंड सौभाग्य की कामना से किया जाता है।

सिद्धि विनायक व्रत अगस्त 2020 

  • 22 अगस्त 2020, शनिवार को सिद्धि विनायक व्रत है।
  • इस दिन सांयकाल में चन्द्रदर्शन निषेध माना जाता है।

ऋषि-पंचमी व्रत 2020 

  • 23 अगस्त 2020, रविवार

लोक भविष्य अगस्त 2020

  •  रविवार संक्रांति होने से राजनैतिक अस्थिरता एवं अशांति रहे।
  • कहीं अनाज की कमी के कारण दुर्भिक्ष एवं अराजकता व्याप्त हो।
  • राजनेताओं में परस्पर विग्रह एवं टकराव पैदा होंगे।
  • उपभोग्य पदार्थो में तेजी के कारण प्रजा पीड़ित रहेगी।
  • चान्द्र भाद्रपद में पांच मंगलवारों का समावेश होना समाजिक एवं राजनितिक क्षेत्रों के लिए शुभ नहीं।
  •  देश में कहीं  राज्य परिवर्तन, राजनितिक पार्टियों में टकराव, साम्प्रदायिक व हिंसक घटनाओं की सम्भावना रहेगी।
  • किसी प्रमुख नेता के अपदस्थ या आकस्मिक मृत्यु के भी संकेत है।

राशिफल अगस्त 2020

  • मेष, वृष, सिहं, तुला, वृश्चिक, मकर, कुम्भ व मीन राशि वालों के लिए लाभप्रद रहेगी।
  • अन्यराशि वालों को कष्ट रहेगा।